PUNJAB DESK : पंजाब के मानसा में नशे के खिलाफ आवाज उठाने वाले परविंदर सिंह झोटा के मामले में एक बार फिर हलचल तेज हो गई है। पीजीआई चंडीगढ़ में उनके शव का पोस्टमार्टम शुरू होने के बीच उनके पिता भीम सिंह की तबीयत बिगड़ने की खबर सामने आई है। बेटे के लिए इंसाफ की मांग को लेकर भीम सिंह ने मानसा के एसएसपी के तबादले की मांग उठाई है और भूख हड़ताल शुरू की थी।
जानकारी के मुताबिक, झोटा का शव पोस्टमार्टम के लिए मानसा से पीजीआई चंडीगढ़ भेजा गया था। शव लंबे समय तक बेहद कम तापमान पर रखे जाने के कारण चिकित्सकीय प्रक्रिया में मुश्किलें आईं। डॉक्टरों की टीम ने जांच के बाद पोस्टमार्टम की प्रक्रिया आगे बढ़ाई।
एसएसपी के तबादले की मांग पर अड़े पिता
परविंदर सिंह झोटा के पिता भीम सिंह ने मानसा के एसएसपी वैभव चौधरी के तबादले की मांग उठाई है। उनका आरोप है कि नशे के कारोबार के खिलाफ समय रहते सख्त कार्रवाई होती तो उनके बेटे की जान बच सकती थी। उन्होंने सरकार से इस मांग पर कार्रवाई होने तक अपना विरोध जारी रखने की बात कही।
22 दिन के संघर्ष के बाद बनी थी सहमति
झोटा की हत्या के बाद परिवार और इंसाफ कमेटी लंबे समय से विरोध प्रदर्शन कर रहे थे। सरकार और प्रदर्शनकारियों के बीच बातचीत के बाद परिवार को 2 करोड़ रुपये मुआवजा और उनकी पत्नी को सरकारी नौकरी देने का आश्वासन दिया गया। प्रदर्शन के दौरान गिरफ्तार किए गए कुछ लोगों की रिहाई और प्रदर्शनकारियों पर दर्ज मामलों को वापस लेने की प्रक्रिया पर भी सहमति बनी थी।
13 अक्टूबर को हुई थी झोटा की हत्या
परविंदर सिंह झोटा की 13 अक्टूबर को मानसा के एक मेडिकल स्टोर के बाहर गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। घटना के बाद नशे के कारोबार और कानून-व्यवस्था को लेकर पंजाब में व्यापक विरोध हुआ। मामले में मेडिकल स्टोर संचालक अश्वनी कुमार को गिरफ्तार किया गया था। अब पोस्टमार्टम की प्रक्रिया के बाद पार्थिव शरीर मानसा ले जाने और अंतिम संस्कार की तैयारी पर नजर बनी हुई है। वहीं, पिता भीम सिंह की सेहत और उनकी मांग को लेकर प्रशासन की अगली कार्रवाई अहम रहेगी।









