शहर का अति-प्रतिष्ठित क्लब जिमखाना (JULLUNDUR GYMKHANA) जहां हज़ारों की गिनती में गणमान्य लोग इसके मैंबर (MEMBER) हैं, वहां काम करने वाले स्टाफ को उपल्बध स्वास्थय सेवाओं (HEALTH SERVICES) पर एक सवाल खड़ा करते हुए क्लब के ही एक सदस्य कंवलजीत सिंह कालरा (KANWALJEET SINGH KALRA) ने हस्पताल (HOSPITAL) में जिंदगी मौत से जूझ रहे एक स्टाफ सदस्य (STAFF MEMBER) के इलाज (TREATMENT) हेतु क्लब मैंबराें (CLUB MEMBERS) से अपील की है, ताकि उसका इलाज सही ढंग से करवाया जा सके। जिमखाना क्लब के स्टाफ सदस्य प्रदीप कुमार (PARDEEP KUMAR) ब्रेन हेमरेज (BRAIN HEMORRHAGE) की समस्या का सामना कर रहे है।
यहां बताने लायक है कि, प्रदीप कुमार पहले भी इस बीमारी से जुंझ चुके है और उस समय सभी सदस्यों ने मिलकर उसकी चिकित्सा में सहायता के लिए धन जुटाया था। उनकी इस समस्या को देखते हुए क्लब मेंबर कंवल जीत सिंह कालड़ा ने यूनाईटिड पंजाब (UNITED PUNJAB) से विशेष बातचीत करते हुए उनकी सहायता करने की अपील की है। उन्होंने बताया कि हम सभी को ज्ञात है कि पिछले वर्ष हमारे क्लब के स्टाफ सदस्य प्रदीप कुमार, जो कि स्काई बार में कार्यरत हैं, उनको ब्रेन हेमरेज की समस्या का सामना करना पड़ा था। उस समय भी सभी सदस्यों ने मिलकर उसकी चिकित्सा में सहायता के लिए धन जुटाया था।
कालरा ने कहा कि मैंने पिछले एजीएम (AGM) में भी क्लब प्रधान डिवीज़नल कमिशनर (DIVISIONAL COMMISSIONER) को सुझाव दिया था, कि क्लब के सभी स्टाफ सदस्यों के लिए ग्रुप इंश्योरेंस (GROUP INSURANCE) की व्यवस्था की जानी चाहिए ताकि भविष्य में ऐसी समस्याओं का सामना न करना पड़े। उन्होंने आगे बताया कि हाल ही में, प्रदीप कुमार को फिर से ब्रेन हेमरेज हुआ है, जिसके कारण उनकी स्थिति काफी गंभीर बनी हुई है। ऐसी हालत में उन्होंने क्लब के सभी सदस्यों से निवेदन है, कि कृपया वह अपने सामर्थ्य के अनुसार प्रदीप कुमार के इलाज के लिए इस्तेमाल किए जाने वाले फंड (FUND) में अपना-अपना योगदान ज़रूर करें। चाहे वह राशि 500 रुपये, 1000 रुपये या 2000 रुपये हो, हर योगदान महत्वपूर्ण है। हमारा लक्ष्य है कि हम प्रदीप की जान बचाने में उनकी सहायता कर सकें।
कालरा ने कहा कि इस संबंध में, वह आने वाली एजीएम में भी जोर देंगे, कि क्लब में काम करने वाले सभी स्टाफ सदस्यों के लिए ग्रुप इंश्योरेंस की व्यवस्था की जाए, ताकि भविष्य में किसी अन्य स्टाफ सदस्य को इस तरह की समस्या का सामना न करना पड़े।
