परविंदर झोटा मामले में CM भगवंत मान का बयान, बोले- परिवार की सभी जायज मांगें मानीं

PUNJAB DESK : पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने परविंदर सिंह झोटा मामले को लेकर कहा है कि राज्य सरकार ने परिवार और संघर्ष कमेटी की सभी जायज मांगें स्वीकार कर ली हैं। अब पोस्टमार्टम और अंतिम संस्कार कब किया जाएगा, इसका फैसला परिवार और कमेटी को करना है।

मुख्यमंत्री ने सोमवार, 26 अक्टूबर को पटियाला में एक कार्यक्रम के दौरान पत्रकारों से बातचीत में यह बात कही। दूसरी ओर, परविंदर सिंह झोटा को इंसाफ दिलाने की मांग को लेकर मानसा में परिवार और संघर्ष कमेटी का धरना 14वें दिन भी जारी रहा। परिवार और प्रदर्शनकारी मुख्यमंत्री तथा पंजाब के डीजीपी के इस्तीफे की मांग पर कायम हैं।

अंतिम संस्कार को लेकर अब भी बना गतिरोध

झोटा के परिवार ने पहले स्पष्ट किया था कि उनकी प्रमुख मांगें पूरी होने तक पोस्टमार्टम और अंतिम संस्कार की प्रक्रिया आगे नहीं बढ़ाई जाएगी। सरकार की ओर से मांगें मानने का दावा किए जाने के बावजूद परिवार और प्रदर्शनकारी अपने रुख पर कायम हैं। इस बीच, परिवार और संघर्ष कमेटी के बीच आंदोलन की अगली रणनीति को लेकर बैठक किए जाने की बात सामने आई है। इस बैठक में आगे के कदमों और मांगों पर चर्चा होने की उम्मीद है। प्रशासन की ओर से गठित कमेटी के साथ बातचीत को लेकर स्थिति भी अहम बनी हुई है।

झोटा की पत्नी ने नशे के खिलाफ व्यापक लड़ाई की अपील की

परविंदर सिंह झोटा की पत्नी मनप्रीत कौर ने पंजाब में नशे के कारण प्रभावित हो रहे परिवारों और युवाओं के मुद्दे पर सरकार की जवाबदेही तय करने की मांग उठाई है। उन्होंने किसानों, मजदूरों, युवाओं और विभिन्न संगठनों से नशे के खिलाफ एकजुट होकर संघर्ष करने की अपील की। उनका कहना है कि झोटा के मामले को केवल एक घटना तक सीमित नहीं रखा जाना चाहिए, बल्कि पंजाब में नशे की समस्या के खिलाफ व्यापक स्तर पर आवाज उठाने की जरूरत है।

मामले की जांच में CBI भी जुटी

परविंदर सिंह झोटा की मौत के मामले की जांच केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) कर रही है। रिपोर्टों के मुताबिक, जांच टीम मानसा में जांच से जुड़े पहलुओं पर काम कर रही है। ऐसे में परिवार की मांगों, जांच की प्रगति और धरने को लेकर आने वाले दिनों में होने वाले फैसलों पर नजर बनी हुई है। फिलहाल, मुख्यमंत्री के बयान के बाद भी अंतिम संस्कार को लेकर गतिरोध खत्म होने की पुष्टि नहीं हुई है। आगे की स्थिति परिवार और संघर्ष कमेटी के फैसले तथा जांच से जुड़े घटनाक्रम पर निर्भर करेगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *